मुख्य सचिव बोले -स्कूल बसों की सघन जांच, बच्चों की सुरक्षा पर देवे विशेष जोर
जयपुर, 17 अगस्त। सोमवार को सचिवालय में मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास की अध्यक्षता में सड़क सुरक्षा समीक्षा बैठक आयोजित की गई। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्कूली बच्चों को ले जाने वाली सभी बालवाहनियों की सघन एवं नियमित जांच सुनिश्चित की जाए तथा बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि स्कूल बसों में सुरक्षा मानकों का किसी भी स्तर पर उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
हेल्पलाइन व्यवस्था को सुदृढ़ करने एवं त्वरित रिस्पॉन्स के निर्देश
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा से संबंधित सभी हेल्पलाइन पूरी तरह क्रियाशील रहें और दुर्घटना की सूचना मिलने पर रिस्पॉन्स टाइम न्यूनतम रखा जाए। उन्होंने स्टेट हेल्पलाइन 112 तथा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की हेल्पलाइन 1033 के बीच प्रभावी समन्वय एवं उचित इंटीग्रेशन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सड़क सुरक्षा से संबंधित दैनिक इन्फोग्राफिक रिपोर्ट तैयार कर नियमित रूप से प्रेषित करने के दिशा निर्देश दिए।
राजमार्गों पर फायर सेफ्टी और ट्रॉमा सेंटर की सुविधाएं सुनिश्चित हों
मुख्य सचिव ने कहा कि राजमार्गों पर दुर्घटना के बाद जनहानि को न्यूनतम करने के लिए वे-साइड क्षेत्रों में उचित फायर सेफ्टी व्यवस्था तथा ट्रॉमा सेंटर की सुविधाएं क्रियाशील रहनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजमार्गों पर आवश्यक सुविधाओं के विकास एवं संचालन की नियमित निगरानी की जाए। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा कोष का उपयोग निर्धारित उद्देश्यों के अनुरूप प्रभावी एवं पारदर्शी तरीके से किया जाए ताकि सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम एवं दुर्घटना के बाद त्वरित सहायता व्यवस्था को और मजबूत किया जा सके।
सड़क सुधार, अवैध कट एवं यातायात नियमों के उल्लंघन पर सख्ती
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि क्षतिग्रस्त सड़कों की समयबद्ध मरम्मत सुनिश्चित की जाए तथा राजमार्गों पर किसी भी प्रकार के अनधिकृत कट ना हों। दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सभी आवश्यक चेतावनी एवं साइनबोर्ड अनिवार्य रूप से लगाए जाएं। बैठक में प्रमुख शासन सचिव, परिवहन विभाग एवं अध्यक्ष, राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (रोडवेज) श्री भवानी सिंह देथा ने कहा कि प्रदेश में सड़क सुरक्षा को सुदृढ़ करने के लिए सभी संबंधित विभागों के साथ समन्वय करते हुए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि राजमार्गों से अतिक्रमण हटाने के लिए निरंतर कार्रवाई की जा रही है और अब तक 4,248 अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं। राजमार्गों पर वे-साइड एमेनिटीज का निर्माण भी तेज गति से किया जा रहा है। इसके अलावा 51 अनधिकृत कट चिन्हित किए गए, जिनमें से 45 को दुरुस्त किया जा चुका है। साथ ही बताया गया कि हाल ही में रिफ्लेक्टिव टेप, बसों में अनधिकृत बदलाव, पुराने एवं असुरक्षित स्कूल बसों तथा ओवरस्पीडिंग सहित विभिन्न उल्लंघनों पर 1,100 से अधिक चालान जारी किए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि 25 इंटरसेप्टर वाहन प्राप्त किए गए हैं तथा बसों का निर्धारित स्टॉपेज पर ही रुकना सुनिश्चित करने के लिए सख्त प्रवर्तन किया जा रहा है। नए AIS मानकों के अनुरूप बसों का पुनः पंजीकरण भी सुनिश्चित किया जा रहा है।
बैठक में डीजी (ट्रैफिक) श्रीमती मालिनी अग्रवाल, प्रमुख शासन सचिव, नगरीय स्थानीय निकाय श्री रवि जैन, प्रबंध निदेशक, राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (RSRTC), श्री पुरुषोत्तम शर्मा, NHAI के अधिकारियों सहित सभी संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।





