मुंबई/उदयपुर। बैंक ऑफ बड़ौदा के 119वें स्थापना दिवस के अवसर पर मुंबई के बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी) स्थित जियो कन्वेंशन सेंटर में आयोजित भव्य समारोह में मेवाड़ के 77वें श्री एकलिंग दीवान डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ को सामाजिक सेवा एवं जनकल्याण के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ को शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास, ग्रामीण उत्थान, महिला सशक्तिकरण, पर्यावरण संरक्षण तथा भारतीय संस्कृति एवं विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के क्षेत्र में लंबे समय से किए जा रहे कार्यों के लिए यह सम्मान प्रदान किया गया। विशेष रूप से युवाओं के सर्वांगीण विकास और समाजहित में उनके निरंतर प्रयासों को राष्ट्रीय स्तर पर सराहा गया।
सम्मान ग्रहण करने के बाद अपने संबोधन में डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ ने कहा कि उनके परिवार का बैंक ऑफ बड़ौदा के साथ चार पीढ़ियों से विश्वास और आत्मीयता का रिश्ता रहा है। उन्होंने कहा कि अनेक वित्तीय संस्थानों के आकर्षक प्रस्ताव मिलने के बावजूद उनका भरोसा हमेशा बैंक ऑफ बड़ौदा पर ही कायम रहा है। उन्होंने बैंक के 119वें स्थापना दिवस पर पूरे बैंक परिवार को शुभकामनाएं देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि बैंक भविष्य में भी उत्कृष्ट बैंकिंग सेवाओं, सामाजिक उत्तरदायित्व और राष्ट्र निर्माण के अपने संकल्प के साथ नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगा।
सचिन तेंदुलकर रहे समारोह के विशेष अतिथि-इस अवसर पर आयोजित समारोह में बैंक ऑफ बड़ौदा के वरिष्ठ अधिकारियों, उद्योग जगत, सामाजिक क्षेत्र के प्रतिनिधियों तथा देशभर से आमंत्रित प्रतिष्ठित ग्राहकों ने भाग लिया। कार्यक्रम में भारत के महान क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर भी विशेष अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
देश की प्रेरणादायक हस्तियों का भी हुआ सम्मान-बैंक ऑफ बड़ौदा ने इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली कई विशिष्ट हस्तियों को भी सम्मानित किया।
जमुना टुडू (पर्यावरण संरक्षण): 'लेडी टार्जन' के नाम से प्रसिद्ध पद्मश्री सम्मानित पर्यावरणविद् जमुना टुडू को सामुदायिक भागीदारी से वन संरक्षण और अवैध कटाई रोकने में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
पूजा (विज्ञान एवं नवाचार): लखनऊ की युवा वैज्ञानिक पूजा को कृषि क्षेत्र के लिए पर्यावरण-अनुकूल 'डस्टलेस थ्रेशर' विकसित करने तथा वैज्ञानिक नवाचार के लिए सम्मान मिला। वे जापान में भारत का प्रतिनिधित्व भी कर चुकी हैं।
हरेकला हजब्बा (सामाजिक सेवा): कर्नाटक के पद्मश्री सम्मानित समाजसेवी हरेकला हजब्बा को ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा का प्रसार करने और अपने गांव में विद्यालय स्थापित कर बच्चों के भविष्य को नई दिशा देने के लिए सम्मानित किया गया।
जादव पायेंग (पर्यावरण संरक्षण): 'फॉरेस्ट मैन ऑफ इंडिया' के नाम से प्रसिद्ध पद्मश्री सम्मानित जादव पायेंग को बंजर भूमि को विशाल वन में परिवर्तित करने और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उनके असाधारण योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
सामाजिक सरोकारों को मिला सम्मान
बैंक ऑफ बड़ौदा का यह सम्मान समारोह केवल बैंक के स्थापना दिवस का आयोजन नहीं रहा, बल्कि समाज, पर्यावरण, शिक्षा, विज्ञान और जनसेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तित्वों को राष्ट्रीय मंच पर सम्मानित करने का अवसर भी बना। डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ सहित सभी सम्मानित हस्तियों ने अपने कार्यों के माध्यम से समाज के लिए प्रेरणा प्रस्तुत की है।





