जयपुर, 12 अगस्त। राजस्थान की राज्य स्तरीय ताइक्वांडो स्वर्ण पदक विजेता गार्विता शर्मा का आगामी राष्ट्रीय ताइक्वांडो चैंपियनशिप के लिए चयन नहीं होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। प्रतियोगिता 16 से 21 अगस्त तक पुणे में आयोजित होनी प्रस्तावित है। खिलाड़ी के चयन को लेकर उठे सवालों के बाद राजस्थान ताइक्वांडो एसोसिएशन की चयन प्रक्रिया पर भी सवाल उठने लगे हैं।
बताया जा रहा है कि गार्विता शर्मा ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल किया था। इसके बावजूद राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए उनका चयन नहीं होने से उनके परिवार और समर्थकों ने चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठाए हैं।
चयन प्रक्रिया पर उठे सवाल
मामले में चयन प्रक्रिया को लेकर राजस्थान ताइक्वांडो एसोसिएशन को कानूनी नोटिस जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। नोटिस के जरिए चयन के आधार, खिलाड़ियों के प्रदर्शन और टीम में चयन से संबंधित प्रक्रिया पर स्पष्टीकरण मांगे जाने की बात कही गई है।
खिलाड़ी पक्ष का कहना है कि राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों के चयन में पारदर्शिता और निर्धारित मानकों का पालन होना चाहिए। यदि चयन के लिए अलग मानदंड निर्धारित किए गए हैं तो उन्हें सभी खिलाड़ियों के लिए समान रूप से लागू किया जाना चाहिए।
राष्ट्रीय चैंपियनशिप पर निगाहें
आगामी राष्ट्रीय ताइक्वांडो चैंपियनशिप 16 से 21 अगस्त के बीच पुणे में आयोजित होनी है। ऐसे में प्रतियोगिता से ठीक पहले चयन को लेकर उठे विवाद ने खेल जगत का ध्यान आकर्षित किया है।
खिलाड़ी पक्ष की ओर से उम्मीद की जा रही है कि एसोसिएशन चयन प्रक्रिया से जुड़े रिकॉर्ड और मानदंड स्पष्ट करेगा। इससे विवाद की स्थिति साफ होने के साथ खिलाड़ियों के बीच भी निष्पक्ष चयन को लेकर भरोसा कायम किया जा सकेगा।
पारदर्शी चयन की मांग
मामले ने राजस्थान में खेल संघों की चयन प्रक्रिया को लेकर एक बार फिर बहस छेड़ दी है। खिलाड़ियों और उनके अभिभावकों की मांग है कि राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए टीम का चयन प्रदर्शन, निर्धारित मानकों और पारदर्शी प्रक्रिया के आधार पर किया जाए।
अब सभी की नजर राजस्थान ताइक्वांडो एसोसिएशन के जवाब और आगे की कार्रवाई पर है। यदि चयन प्रक्रिया में किसी तरह की खामी सामने आती है तो विवाद और बढ़ सकता है। वहीं एसोसिएशन की ओर से चयन के आधार को स्पष्ट किए जाने पर स्थिति साफ होने की उम्मीद है।





