नई दिल्ली /एम्स्टेलवीन। एफआईएच महिला हॉकी विश्व कप 2026 में भारतीय महिला हॉकी टीम रविवार को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बेहद अहम मुकाबले में उतरेगी। यह मैच भारत के लिए सेमीफाइनल की दौड़ में बने रहने के लिहाज से करो या मरो का मुकाबला है। मैच भारतीय समयानुसार रात 10:30 बजे एम्स्टेलवीन में खेला जाएगा।
भारत को दूसरे चरण के अपने पहले मुकाबले में गत चैंपियन नीदरलैंड्स के हाथों 0-2 से हार मिली थी। इससे पहले भारतीय टीम ने ग्रुप चरण में चीन के खिलाफ 2-2 से ड्रॉ खेला और इंग्लैंड के खिलाफ 0-0 का मुकाबला खेलते हुए दूसरे चरण में जगह बनाई थी।
सेमीफाइनल के लिए जीत जरूरी
नीदरलैंड्स के खिलाफ हार के बाद भारत के लिए ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मुकाबला बेहद महत्वपूर्ण हो गया है। भारतीय टीम को सेमीफाइनल की उम्मीद कायम रखने के लिए ऑस्ट्रेलिया को हराना होगा। इसके साथ ही भारत को नीदरलैंड्स और चीन के मुकाबले के नतीजे पर भी निर्भर रहना पड़ेगा।
पूल ई में भारत, ऑस्ट्रेलिया, चीन और नीदरलैंड्स के बीच सेमीफाइनल की होड़ बेहद रोमांचक बनी हुई है। नीदरलैंड्स पहले ही भारत को हराकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर चुका है, जबकि दूसरे स्थान के लिए बाकी तीन टीमों के बीच मुकाबला है।
भारत के सामने बड़ी चुनौती
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारतीय टीम को आक्रमण के साथ-साथ रक्षापंक्ति में भी बेहतर प्रदर्शन करना होगा। नीदरलैंड्स के खिलाफ भारत गोल करने के मौके बनाने के बावजूद उन्हें गोल में नहीं बदल सका था। अब ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खिलाड़ियों से तेज शुरुआत और मौके को गोल में बदलने की क्षमता की उम्मीद होगी।
भारत के लिए यह मुकाबला सिर्फ एक जीत का नहीं, बल्कि विश्व कप के सेमीफाइनल में पहुंचने के सपने को जिंदा रखने का आखिरी बड़ा मौका है। टीम की जीत के साथ ही चीन-नीदरलैंड्स मैच का परिणाम भी भारतीय अभियान की दिशा तय करेगा।





