राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में खरगे-राहुल ने प्रधानमंत्री को लिखा पत्र, स्वतंत्र जांच की मांग

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने इस पत्र को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा किया। पत्र में कहा गया है कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का मंदिर करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है और देशभर के रामभक्तों ने श्रद्धा के साथ मंदिर में दान और चढ़ावा अर्पित किया है।

NSI Admin19 Jul 2026, 11:16 AM2 min read
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में खरगे-राहुल ने प्रधानमंत्री को लिखा पत्र, स्वतंत्र जांच की मांग

नई दिल्ली: अयोध्या स्थित भगवान श्रीराम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मामले को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संयुक्त पत्र लिखकर मामले की स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराने की मांग की है।

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने इस पत्र को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा किया। पत्र में कहा गया है कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का मंदिर करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है और देशभर के रामभक्तों ने श्रद्धा के साथ मंदिर में दान और चढ़ावा अर्पित किया है।

पत्र में आरोप लगाया गया है कि मंदिर में लंबे समय तक चढ़ावे की कथित चोरी होती रही, जिससे करोड़ों श्रद्धालुओं की भावनाओं को ठेस पहुंची है। कांग्रेस नेताओं ने लिखा कि यह केवल आर्थिक अनियमितता का मामला नहीं, बल्कि देश की धार्मिक आस्था से जुड़ा गंभीर विषय है।

पत्र में यह भी कहा गया है कि मंदिर ट्रस्ट के सभी सदस्यों का चयन केंद्र सरकार की प्रक्रिया के तहत हुआ था। ऐसे में इस मामले पर प्रधानमंत्री की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि इस पूरे प्रकरण की स्वतंत्र एजेंसी से निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके।

खरगे और राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया कि जांच पूरी तरह पारदर्शी हो तथा यदि किसी भी स्तर पर दोषी पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि इससे श्रद्धालुओं का विश्वास बना रहेगा और मंदिर की गरिमा भी सुरक्षित रहेगी।

प्रियंका गांधी वाड्रा ने पत्र साझा करते हुए कहा कि करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़े इस विषय पर जवाबदेही तय होना आवश्यक है और जनता को पूरे मामले की सच्चाई जानने का अधिकार है।

हालांकि, इस मामले में केंद्र सरकार, श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट या प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से इस पत्र पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। साथ ही, पत्र में लगाए गए आरोप स्वतंत्र रूप से सिद्ध नहीं हुए हैं। यदि संबंधित पक्षों की ओर से कोई आधिकारिक बयान या जांच संबंधी जानकारी सामने आती है, तो उससे मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।

Daily Briefing

Stay Ahead of Every Story

Breaking news, top stories, and exclusive coverage -- delivered to your inbox every morning.

N
NSI AdminAuthor

Comments

Sign in to join the conversation

Sign In to Comment

More from National

View All
राज्यसभा में कल पेश होगा 'वंदे मातरम्' बिल, राष्ट्रीय गीत के अपमान पर हो सकेगी 3 साल तक की सजाBreaking
National

राज्यसभा में कल पेश होगा 'वंदे मातरम्' बिल, राष्ट्रीय गीत के अपमान पर हो सकेगी 3 साल तक की सजा

NSI Admin·about 14 hours ago·3 min read
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने अटकलों पर लगाया विराम, मानसून सत्र में परिसीमन का बिल नहीं !Breaking
National

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने अटकलों पर लगाया विराम, मानसून सत्र में परिसीमन का बिल नहीं !

NSI Admin·about 14 hours ago·3 min read
जम्मू-कश्मीर के सांबा में फिर मिला संदिग्ध ड्रोन, एक सप्ताह में दूसरी बरामदगी से सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
National

जम्मू-कश्मीर के सांबा में फिर मिला संदिग्ध ड्रोन, एक सप्ताह में दूसरी बरामदगी से सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

NSI Admin·about 22 hours ago·2 min read
भारत ने रचा नया अंतरिक्ष इतिहास: निजी कंपनी स्काईरूट का 'विक्रम-1' पहली ही उड़ान में सफल, ऑर्बिट तक पहुंचा रॉकेटBreaking
National

भारत ने रचा नया अंतरिक्ष इतिहास: निजी कंपनी स्काईरूट का 'विक्रम-1' पहली ही उड़ान में सफल, ऑर्बिट तक पहुंचा रॉकेट

NSI Admin·about 23 hours ago·3 min read