जेपी नड्डा बोले- मांगों और सुझावों पर होगा विचार
नई दिल्ली। कॉकरोच पब्लिक पार्टी (सीजेपी) और केंद्र सरकार के बीच जारी गतिरोध को सुलझाने के प्रयास तेज हो गए हैं। शुक्रवार को केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने सीजेपी के प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक की। बैठक में सीजेपी की प्रमुख मांगों और परीक्षा प्रणाली में सुधार से जुड़े सुझावों पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक के बाद जेपी नड्डा ने पत्रकारों से कहा कि सीजेपी प्रतिनिधिमंडल ने अपनी तीन प्रमुख मांगें सरकार के सामने रखीं। इसके अलावा, परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनाने के लिए पांच महत्वपूर्ण सुधार सुझाव भी दिए गए। उन्होंने बताया कि सरकार ने प्रतिनिधिमंडल की सभी बातों को गंभीरता से सुना है और उन पर विचार किया जाएगा।
नड्डा ने कहा, "बैठक लगभग दो घंटे तक चली। उनकी तीन मुख्य मांगें थीं और परीक्षाओं के लिए पांच सुधार के सुझाव थे। हमने उनसे कहा है कि हम कल दोपहर फिर मिलेंगे और सरकार के साथ हुई चर्चा के बारे में उन्हें जानकारी देंगे।"उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार संवाद के जरिए समाधान निकालने की पक्षधर है और सभी मुद्दों पर सकारात्मक बातचीत जारी रहेगी।
बैठक के बाद सीजेपी ने बताया कि सरकार ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर कल दोपहर तक का समय मांगा है। उम्मीद है कि सरकार उन्हें जल्द ही हटा देगी। सरकार ने आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिजनों को मुआवजे और छात्रों के ख़िलाफ़ FIR और कानूनी मामले वापस लेने की दो मांगों पर सैद्धांतिक मंज़ूरी दे दी है।
इस बैठक में सरकार की तरफ से केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह मौजूद थे । कॉकरोच जनता पार्टी की तरफ से प्रवक्ता आशुतोष रांका और सौरभ दास मौजूद थे। सौरभ दास ने बताया कि बैठक में एक-दो अधिकारी भी मौजूद थे।





