
बीजिंग/ताइपे, 30 दिसंबर 2025 । चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) ने सोमवार को ताइवान के आसपास बड़े पैमाने पर सैन्य अभ्यास शुरू कर दिए, जिसमें लाइव फायर ड्रिल और प्रमुख बंदरगाहों की नाकाबंदी का सिमुलेशन शामिल है। इस ऑपरेशन का नाम “जस्टिस मिशन 2025” रखा गया है। PLA के ईस्टर्न थिएटर कमांड ने इसे “ताइवान इंडिपेंडेंस” अलगाववादी ताकतों और बाहरी हस्तक्षेप के खिलाफ कड़ी चेतावनी बताया।
अभ्यास में सेना, नौसेना, वायुसेना और रॉकेट फोर्स की इकाइयां शामिल हैं। सोमवार को डिस्ट्रॉयर, फ्रिगेट, फाइटर जेट, बॉम्बर और ड्रोन तैनात किए गए। ताइवान स्ट्रेट के उत्तर और दक्षिण-पश्चिम में लाइव फायरिंग और सिमुलेटेड स्ट्राइक किए गए।
मंगलवार को 7 जोन में 10 घंटे की लाइव फायर ड्रिल होगी, जो अब तक की सबसे बड़ी कवरेज वाली है और कुछ जोन ताइवान के टेरिटोरियल वॉटर से ओवरलैप करते हैं।कारण और पृष्ठभूमियह अभ्यास अमेरिका द्वारा ताइवान को 11.1 अरब डॉलर के रिकॉर्ड हथियार पैकेज की घोषणा के 11 दिन बाद शुरू हुआ, जिसमें HIMARS रॉकेट सिस्टम शामिल हैं।

जापान के प्रधानमंत्री सानाे ताकाइची के बयान कि चीन का ताइवान पर हमला जापान की सेना को ट्रिगर कर सकता है, ने भी बीजिंग को नाराज किया।बीजिंग/ताइपे, 30 दिसंबर 2025 । चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) ने सोमवार को ताइवान के आसपास बड़े पैमाने पर सैन्य अभ्यास शुरू कर दिए, जिसमें लाइव फायर ड्रिल और प्रमुख बंदरगाहों की नाकाबंदी का सिमुलेशन शामिल है। इस ऑपरेशन का नाम “जस्टिस मिशन 2025” रखा गया है। PLA के ईस्टर्न थिएटर कमांड ने इसे “ताइवान इंडिपेंडेंस” अलगाववादी ताकतों और बाहरी हस्तक्षेप के खिलाफ कड़ी चेतावनी बताया।
पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने इसे बाहरी ताकतों को रोकने का संदेश बताया, जिसमें पूर्वी ताइवान पर डोमिनेंस स्थापित करना शामिल है – जहां से अमेरिका और सहयोगी मदद पहुंचा सकते हैं।ताइवान की प्रतिक्रियाताइवान के रक्षा मंत्रालय ने अभ्यास की निंदा की और कहा कि यह क्षेत्रीय शांति को बर्बाद करने वाला है। ताइवान ने अपनी सेना तैनात की, रैपिड रेस्पॉन्स एक्सरसाइज शुरू की और 89 चीनी एयरक्राफ्ट व 28 युद्धपोतों का पता लगाया।
मंत्रालय ने HIMARS जैसे हथियारों की तस्वीरें शेयर कर जवाब दिया। उड़ानों पर असर पड़ा – 850 से ज्यादा फ्लाइट्स प्रभावित, 100,000 यात्री परेशान।अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाअमेरिका और जापान ने अभी आधिकारिक टिप्पणी नहीं की, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि यह ट्रंप प्रशासन के दूसरे कार्यकाल में दूसरा बड़ा अभ्यास है। यह 2022 के बाद छठा बड़ा ड्रिल है।यह अभ्यास ताइवान स्ट्रेट में तनाव बढ़ा रहा है। नए साल से पहले क्षेत्रीय स्थिरता पर नजर रहेगी।