
1851 के बाद सबसे शक्तिशाली तूफान – सैकड़ों घर नष्ट, राहत कार्य तेज
न्यू होप, जमैका, 29 अक्टूबर। कैरिबियन क्षेत्र को झकझोर देने वाला कैटेगरी-5 तूफान ‘मेलिसा’ कल (28 अक्टूबर) दोपहर लगभग 1 बजे (ईटी) जमैका के दक्षिण-पश्चिमी तट पर न्यू होप के पास लैंडफॉल कर गया। 185 मील प्रति घंटे (लगभग 298 किमी/घंटा) की रफ्तार से हवाओं के साथ यह अटलांटिक बेसिन में अब तक का सबसे शक्तिशाली तूफान साबित हुआ, जो 1851 से रिकॉर्ड रखे जाने के बाद जमैका पर पड़ा सबसे भयानक तूफान है।
तूफान ने पूरे द्वीप को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे भारी बाढ़, भूस्खलन, बिजली कटौती और बुनियादी ढांचे को व्यापक नुकसान हुआ। अब तक 7 मौतें की पुष्टि हो चुकी है, जबकि सैकड़ों घर नष्ट हो गए हैं। जमैका के प्रधानमंत्री एंड्र्यू होलनेस ने पूरे देश को आपदा क्षेत्र घोषित कर दिया है।तूफान जमैका पार करने के बाद कमजोर होकर कैटेगरी-3 (125 मील प्रति घंटे हवाएं) बन गया है और अब क्यूबा की ओर बढ़ रहा है, जहां आज रात या कल सुबह लैंडफॉल की आशंका है।
क्यूबा में 5 लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है।तूफान का इतिहास और तीव्रतातूफान मेलिसा की शुरुआत 21 अक्टूबर को वेनेजुएला के उत्तर में एक उष्णकटिबंधीय तूफान के रूप में हुई। वेस्ट अफ्रीका तट से निकलकर यह कैरिबियन सागर में तेजी से बढ़ा। सोमवार (27 अक्टूबर) को यह कैटेगरी-5 बन गया, जो 2025 के अटलांटिक तूफान सीजन का तीसरा ऐसा तूफान है। इसकी धीमी गति (5 मील प्रति घंटा) ने नुकसान को और बढ़ा दिया, क्योंकि इससे भारी वर्षा (200-400 मिमी, कुछ जगहों पर 1,000 मिमी) हुई।