
जयपुर, 6 जनवरी 2026: राजस्थान विधानसभा की सदाचार समिति (एथिक्स कमिटी) ने आज विधायक स्थानीय क्षेत्र विकास निधि (MLA LAD फंड) में कथित कमीशनखोरी के आरोपों का सामना कर रहे तीन विधायकों से पूछताछ की।
भाजपा विधायक रेवंतराम डांगा (खींवसर), कांग्रेस विधायक अनीता जाटव (हिंडौन) और निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत (बयाना) समिति के सामने सबूतों सहित पेश हुए।
समिति अध्यक्ष कैलाश वर्मा के नेतृत्व में चल रही इस पूछताछ में विधायकों से दैनिक भास्कर के दिसंबर 2025 स्टिंग ऑपरेशन के वीडियो पर विस्तृत सवाल किए गए। समिति ने विधायकों को अपनी बेगुनाही साबित करने के लिए दस्तावेज और सबूत पेश करने का निर्देश दिया था। पिछले महीने 19 दिसंबर को हुई पूछताछ में तीनों विधायकों ने आरोपों से इनकार किया था, लेकिन ठोस सबूत नहीं दे पाए थे और अतिरिक्त समय मांगा था।
स्टिंग ऑपरेशन में आरोप लगे थे कि ये विधायक विकास कार्यों की अनुशंसा के बदले 40% तक कमीशन मांग रहे थे। इसके बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने तीनों के MLA LAD खाते फ्रीज कर दिए और उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने मामले को सदाचार समिति को सौंपा था।
यह मामला सभी प्रमुख दलों से जुड़ा होने के कारण राजनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील है और भ्रष्टाचार पर सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति को रेखांकित करता है।
पूछताछ के बाद विधायकों की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन जांच जारी है।