
फरीदाबाद/ जयपुर । मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में राजस्थान में गत दो वर्षों में कानून व्यवस्था, स्वास्थ्य, शिक्षा, विद्युत, पेयजल, ढांचागत विकास तथा सहकारिता के सुदृढ़ीकरण सहित सभी बुनियादी सुविधाओं के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उत्तर क्षेत्रीय परिषद् के माध्यम से हम सब मिलकर विकसित भारत 2047 के सपने को साकार कर सकेंगे।
शर्मा सोमवार को फरीदाबाद में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित उत्तर क्षेत्रीय परिषद् की 32वीं बैठक में संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार किसानों को कृषि कार्य के लिए दिन में बिजली देने के संकल्प के तहत 22 जिलों में दिन में बिजली दे रही है। उन्होंने कहा कि राजस्थान सौर ऊर्जा उत्पादन की स्थापित क्षमता में देश में प्रथम स्थान पर है। राज्य में पीएम कुसुम योजना कंपोनेंट-ए एवं कंपोनेंट-सी में 2 हजार 215 मेगावाट क्षमता के विकेंद्रित सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। साथ ही, आरडीएसएस के तहत 33 केवी के 151 सब स्टेशनों का निर्माण पूर्ण कर लिया गया है तथा 11 लाख स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि समेकित प्रयासों से एटी एण्ड सी लॉस 2023-24 के 21.81 प्रतिशत से घटकर 2024-25 में 15.27 प्रतिशत रह गए है।
पुलिस का रेस्पॉन्स टाइम 21 मिनट से घटकर अब लगभग 13 मिनट
शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार कानून व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। राज्य में पुलिस मोबाइल यूनिटों की संख्या बढ़ाने से औसत प्रतिक्रिया समय 21 मिनट से घटकर अब लगभग 13 मिनट पर आ गया है। इसी प्रकार पॉक्सो एक्ट के प्रकरणों के निस्तारण में लगने वाला औसत समय घटकर 58 दिन व बलात्कार प्रकरणों के निस्तारण का औसत समय घटकर 48 दिन रह गया है। शर्मा ने पॉक्सो एक्ट के प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण हेतु 15 अतिरिक्त नए फास्ट ट्रैक विशेष न्यायालय स्वीकृत करने का केन्द्र सरकार से आग्रह किया। उन्होंने कहा कि अमृत योजना के तहत 1 लाख से अधिक आबादी के 28 शहरों के मास्टर प्लान जीआईएस पर तैयार किए जा चुके हैं। साथ ही, 50 हजार से 1 लाख की आबादी वाले 62 शहरों के लिए जीआईएस आधारित मास्टर प्लान तैयार किए जा रहे हैं।