
जयपुर, 11 नवंबर, पीयूष पुरोहित । राजस्थान के बारां जिले की अंता विधानसभा सीट पर 11 नवंबर को हुए उपचुनाव में मतदाताओं ने उत्साहजनक भागीदारी दिखाई। कुल 2,27,563 पंजीकृत मतदाताओं (1,15,982 पुरुष और 1,10,241 महिला) में से 79.32% ने वोट डाला। यह उपचुनाव बीजेपी विधायक कंवर लाल मीणा के आपराधिक मामले में दोषी ठहराए जाने और अयोग्यता के बाद कराया गया। 268 मतदान केंद्रों पर सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चली वोटिंग पूरी तरह शांतिपूर्ण रही। वोटों की गिनती 14 नवंबर को होगी ।

15 उम्मीदवार मैदान में
बीजेपी की मोरपाल सुमन और कांग्रेस के प्रमोद जैन भया सहित 15 उम्मीदवारों में मैदान थे। यह उपचुनाव बीजेपी सरकार के लिए महत्वपूर्ण कसौटी है, जहां विधानसभा में बीजेपी के 118 और कांग्रेस के 66 विधायक हैं।
सीएम की अपील: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सोशल मीडिया पर लिखा, “पहले वोट, फिर तरोताजा!” उन्होंने अंता के विकास और सुशासन का वादा दोहराया।
आरएसी और अर्धसैनिक बल तैनात रहे
मंगलोर नगरपालिका के 7 संवेदनशील बूथों पर राजस्थान पुलिस, आरएसी और अर्धसैनिक बल तैनात रहे। सभी संवेदनशील केंद्रों पर लाइव वेबकास्टिंग और सीसीटीवी निगरानी रही। कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। साकली गांव (बूथ नंबर 219) के 736 मतदाताओं ने खराब सड़क, तालाब सौंदर्यीकरण और खेल मैदान की मांग को लेकर वोटिंग का बहिष्कार शुरू किया, लेकिन प्रशासन के हस्तक्षेप से ज्यादातर ने वोट डाला। गणेशपुरा गांव में भी स्थानीय मुद्दों पर असंतोष दिखा, पर मतदान हुआ।
‘वोट वॉरियर्स’ अभियान-
निर्वाचन आयोग के ‘वोट वॉरियर्स’ अभियान के तहत छात्र-शिक्षकों ने कम मतदान वाले बूथों पर जागरूकता बढ़ाई। कृषि विज्ञान केंद्र पर मॉडल पोलिंग स्टेशन सजाया गया, जहां मतदाता पारंपरिक वेशभूषा में पहुंचे।